
दमोह। हिंदू लड़कियों की फोटो हिजाब में दिखाए जाने के मामले में केंद्रीय मंत्री ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। वहीं कलेक्टर ने 3 सदस्यीय कमेटी का गठन कर मामले की पुनः जांच के आदेश दिए हैं।
नगर के गंगा जमुना हायर सेकेंडरी स्कूल में हिंदू लड़कियों की फोटो हिजाब में प्रकाशित किए जाने के बाद लगातार मामला बिगड़ता जा रहा है। गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा पहले ही मामले की जानकारी तलब कर जांच के आदेश दे चुके हैं। उसके बाद हिंदू संगठनों ने जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर स्कूल प्रबंधन समिति पर कार्रवाई करने एवं स्कूल की मान्यता रद्द करने मांग की थी। वहीं देर रात दमोह प्रवास पर पहुंचे क्षेत्रीय सांसद एवं केंद्रीय राज्य मंत्री प्रहलाद पटेल ने मामले को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कठोर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। केंद्रीय मंत्री ने कहां की जिला प्रशासन ने मामले को संज्ञान में लिया है एवं गृह मंत्री ने जांच के आदेश दिए हैं। इसके लिए उनके आभारी हैं। यह घटना शर्मसार करने वाली है। उन्होंने कहा कि चूंकि यह घटना दमोह की है इसलिए इस मामले में जितनी सख्त कार्रवाई हो सकती है होनी चाहिए। इस आयोजन को लेकर जिनकी यह गंदी मानसिकता है, उन समिति प्रबंधकों पर जितनी भी सख्त कार्रवाई हो उन्हें बख्शा नहीं जाना चाहिए। श्री पटेल ने कहा कि कई बार हम छोटे कर्मचारियों पर कार्रवाई करके मुक्त हो जाते हैं। लेकिन मैं एक बार फिर गृहमंत्री से कहना चाहूंगा की इस मंशा के पीछे जो लोग भी हैं उन्हें बक्शा नहीं जाना चाहिए।
3 सदस्यीय समिति गठित
हिंदू संगठनों के लगातार बढ़ते विरोध एवं गृहमंत्री के आदेश के बाद जिला प्रशासन बैकफुट पर आ गया है। कलेक्टर मयंक अग्रवाल ने इस मामले की जांच के लिए यह तीन सदस्यीय हाई कमेटी का गठन किया है। जिसमें तहसीलदार दमोह, जिला स्त्रोत समन्वयक शिक्षा एवं मुख्य नगरपालिका अधिकारी को जांच का जिम्मा सौंपा गया है जांच में कलेक्टर ने कुछ बिंदु इंगित किए हैं। जिनकी जांच कमेटी को करना है। कलेक्टर श्री अग्रवाल ने बताया की कल सोशल मीडिया के माध्यम से गंगा जमुना स्कूल की एक शिकायत प्राप्त हुई थी जिसकी जांच जिला शिक्षा अधिकारी एवं कोतवाली पुलिस द्वारा कराई गई है। इसमें कोई फरियादी नहीं था। हमारे कार्यालय को इस संबंध में एक ज्ञापन प्राप्त हुआ है। जिसकी पुनः जांच के लिए तहसीलदार दमोह, जिला स्रोत समन्वयक एवं मुख्य नगरपालिका अधिकारी को जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई है। जो इस ज्ञापन की विस्तृत जांच करेंगे।
पहले नहीं थी मान्यता
इस मामले में एक अन्य जानकारी भी सामने आई है। जिसमें पता चला है की गंगा जमुना हायर सेकेंडरी स्कूल की हाईस्कूल की मान्यता पिछले वर्ष तक नहीं थी। यह स्कूल एक अन्य निजी स्कूल की मान्यता पर सेंटर के रूप में चल रहा था। इसी वर्ष से इस स्कूल की हाई एवं हायर सेकेंडरी की मान्यता मिली है। इसीलिए पिछले वर्ष यहां का हाई स्कूल का ड्रेस कोड नहीं था और न ही हिजाब में फोटो प्रकाशित कराई गई थी।

More Stories
तीन माह के दुधमुहे बच्चे के साथ कुएं में तैरता मिला मां का शव
2 साल की बच्ची और गर्भवती पत्नी के साथ फांसी पर झूला युवक
पुलिस कार्रवाई न होने पर फूटा ब्राह्मण एवं हिंदू संगठनों का गुस्सा