September 10, 2026

प्रोफेसर की अश्लीलता से परेशान छात्रा ने उठाया आत्मघाती कदम, खुद को किया आग के हवाले

दमोह। कॉलेज के एक प्रोफेसर की छेड़खानी से परेशान होकर एक छात्रा ने आज खुद को आग के हवाले कर दिया। पीड़िता की मां ने शिक्षक और उसकी सहकर्मी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। वहीं छात्रा को गंभीर अवस्था में जबलपुर रेफर किया गया है।
जिले के तेंदूखेड़ा में संचालित शासकीय कॉलेज की एक छात्रा ने एक प्रोफेसर की छेड़खानी से परेशान होकर खुद को आग के हवाले कर दिया। पीड़ित छात्रा को प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर अवस्था में उपचार के लिए जबलपुर रेफर किया गया है। वहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। इस घटना के बाद कॉलेज प्रबंधन पर भी गंभीर सवाल उठ रहे हैं। पीड़ित की मां है आरोप लगाया कि उसकी बेटी को कॉलेज का एक प्रोफेसर अरुण पटेल एवं उसकी सहकर्मी रिचा लोधी पिछले 1 साल से उसकी बेटी को परेशान कर रहे थे। प्रोफ़ेसर लगातार उसके साथ अश्लील बातें और हरकतें कर रहा था जिसमें उसका साथ उसकी सहकर्मी दे रही थी उसे लगातार धमकाया जा रहा था कि वह इस बात की जानकारी अपने परिजनों या अन्य किसी व्यक्ति को ना दें अन्यथा परिणाम ठीक नहीं होगा और उसका फीचर खराब हो जाएगा आज रसायन शास्त्र का पेपर था इसी बीच प्रोफ़ेसर अरुण पटेल ने नकल के नाम पर छात्रा से अश्लील हरकतें की और उसे गलत तरीके से शरीर के नाजुक अंगों पर छुआ। इस घटना से परेशान 19 वर्षीय छात्रा ने घर आकर खुद को आग के हवाले कर दिया उसे प्राथमिक उपचार के लिए पहले तेंदूखेड़ा की स्वास्थ्य केंद्र में दाखिल कराया गया लेकिन हालत नाजुक होने पर उसे जबलपुर रेफर कर दिया गया पुलिस में परिजनों के बयान दर्ज कर लिए हैं तथा मामले की पूरी पड़ताल की जा रही है। परिजनों ने आरोप लगाए हैं की उनकी बेटी ने बताया की नकल के नाम पर 15 मिनट में ही उसका पेपर दोषी शिक्षक एवं उसकी सहकर्मी ने छीन लिया तथा नकल का झूठा प्रकरण बना दिया। पीड़िता की मां ने बताया कि दोषी प्रोफ़ेसर अक्सर उसके घर के आसपास मंडराता था। लेकिन वह कभी शक नहीं कर पाई कि यह घर के आस-पास क्यों घूम रहा है। उसे लगा कि वह शिक्षक है इसलिए अक्सर आता जाता होगा।

छात्रा की मां एक आंगनवाड़ी कार्यकर्ता है। वह गुरूवार सुबह आंगनवाड़ी चली गई थी। घर में कोई नहीं था। उसी समय छात्रा ने खुद पर कैरोसिन डालकर आग लगा ली। इसकी जानकारी पड़ोसियों द्वारा मां को दी गई। जिसके बाद मां घर पहुंची और बेटी को इलाज के लिए जबलपुर लेकर गई। पीड़िता की मां के द्वारा लगाए गए आरोपों के बाद कालेज प्राचार्य सुभाष अग्रवाल से बात करने का प्रयास किया, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया। इस मामले में जब तक तेंदूखेड़ा पुलिस को जानकारी लगी और वह अस्पताल पहुंची तब तक छात्रा को जबलपुर रेफर किया जा चुका था। तेंदूखेड़ा थाना टीआई बीएल चौधरी ने बताया कि छात्रा के द्वारा खुद को आग लगाने की जानकारी उन्हे मिली है। उन्होंने थाने से पुलिस को जबलपुर मेडीकल कॉलेज छात्रा और स्वजनों के बयान लेने के लिए भेजा है उसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

Message Us on WhatsApp